Tuesday, 26 July 2011

शिवलिंग

प्रत्येक जीव में, चाहे वह स्त्री हो या पुरुष, सूक्ष्म रूप से शिवलिंग सबमें स्थित होता है परन्तु मनुष्य में इसका पूर्ण विकास हो जाता है. आईये इसके प्रत्यक्ष एवम साक्षात् दर्शन करें.

                 
                                                
भगवान शिव के १२ ज्योतिर्लिंग है। सौराष्ट्र प्रदेश (काठियावाड़) में श्रीसोमनाथ, श्रीशैल पर श्रीमल्लिकार्जुन, उज्जयिनी (उज्जैन) में श्रीमहाकाल, ॐकारेश्वर अथवा अमलेश्वर, परली में वैद्यनाथ, डाकिनी नामक स्थान में श्रीभीमशङ्कर, सेतुबंध पर श्री रामेश्वर, दारुकावन में श्रीनागेश्वर, वाराणसी (काशी) में श्री विश्वनाथ, गौतमी (गोदावरी) के तट पर श्री त्र्यम्बकेश्वर, हिमालय पर केदारखंड में श्रीकेदारनाथ और शिवालय में श्रीघुश्मेश्वर.



सम्पूर्ण भारतवर्ष में शिवलिंग पूजन परम श्रद्धा से किया जाता है. अनादि, अनंत, देवाधिदेव, महादेव शिव परब्रह्म हैं. सावन में शिवालयों में  सुबह से ही भोलेनाथ को रिझाने का क्रम शुरू होता है जो देर रात्रि तक चलता है। पूरे मास शिव भक्त मनवांछित फल की कामना को लेकर अनुष्ठान-पूजन कार्य क्रम होते हैं. इस दौरान महाशिव का का दूध, घृत, दही, शक्कर, गंगाजल, शहद, बिल्व पत्र, पारे,  धतूरे से रूद्री पाठ साथ रूद्राभिषेक का क्रम लगातार जारी रहता है।
महाशिव का लिंग क्या है. आईये इसके प्रत्यक्ष एवम साक्षात् दर्शन करें. प्रत्येक जीव में चाहे वह स्त्री हो या पुरुष सूक्ष्म रूप से शिवलिंग सबमें स्थित होता है परन्तु मनुष्य में इसका पूर्ण विकास हो जाता है.
जो पिंड में है वह ब्रह्माण्ड में है. इसे जानने के लिए मनुष्य के मस्तिष्क & spinal cord  को ध्यान से देखें .

 
A. pituitary gland  B. cerebrum  C. skull
D. corpus callosum
E. thalamus F. hypothalamus

G. pons
H. cerebellum I. medulla J  spinal cord





Diagram of part of the spinal cord, with the anterior white matter cut way, and two sets of segmental nerve roots



       
The 600000 nerve cells in the deep nuclei send messages out of the cerebellum along their fibres (or axons), which run through the peduncles to a number of nuclei in the brain stem and thalamus. These in turn are connected to the spinal cord and to regions of the cerebral cortex concerned with the control of movement.



अब आप शिव स्वरूप को समझें.
शिव  बुद्धि के अधिष्ठाता हैं. अब मिलान करें.
१-   शिवलिंग  pons +  medulla +  spinal cord   
२-   उपर से नीचे की ओर ज्ञान शक्ति का संचरण. central nervous system.
३-   नाग-       cerebrum
४-   नाग मणि-      thalamus  hypothalamus
५-   सर्प -        nerves
६-   शिवशक्ति-    hypothalamus, the thalamus nuclei ज्ञान शक्ति ओर क्रिया शक्ति का कारण
७-   शिव- ज्ञान शक्ति ओर क्रिया शक्ति के कारण का भी कारण. निराकार आत्मतत्व
८-   योनि-    body(शरीर)
९-   गणेश- cerebellum (LITTLE BRAIN)

hi.wikipedia.org/wiki/शिवलिङ्ग -  को उपरोक्त आधार पर अपने संचित ज्ञान कोश में संशोधन आवश्यक है.
शिव के वास्तविक स्वरूप से अवगत होकर जाग्रत शिव का पूजन करें और महाबुद्धि को प्राप्त हों .श्री भगवान के वचन हैं, मैं बुद्धि रुपी गुहा के अंदर रहता हूँ.

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